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POP HITS
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First Analogue Computer
First Analogue Computer If you think Astrolabe is the first analogue computer, then you are mistaken..
बिहारी-रत्नाकर
बिहारी-रत्नाकर :- बिहारी-रत्नाकर. अर्थात्. बिहारी-सतसई पर रत्नाकरी टीका
Water Saving
PLEASE SAVE WATER FOR NEXT GENERATION
खोया खोया चाँद
विनय पत्रिका :-तुलसीदास
विनय पत्रिका :-तुलसीदास रामभक्ति ‘विनयपत्रिका’ के ही एक प्रसिद्ध पद में उन्होंने कहा है ‘तुलसी सो सब भाँति परम हित पूज्य प्रान ते प्यारो।जासों होय सनेह राम पद एतो मतो हमारो॥’
Why is the Voynich Manuscript claimed to be the world's most mysterious manuscript
Why is the Voynich Manuscript claimed to be the world’s most mysterious manuscript?
First IAS ( Civil Service Servent) Of India
First IAS ( Civil Service Servent) Of India Satyendranath Thakur (Tagore) First Indian Civil Servant to clear the Civil Services Examination. Satyendranath Thakur (June 1, 1842 – January 9, 1923) was a Bengali Brahmin writer, composer and linguist. He was the first Indian to succeed in the Indian Civil Service. Satyendranath played an importantContinue reading “First IAS ( Civil Service Servent) Of India”
Aghor ( One Side Of Shiva God)
Aghor ( One Side Of Shiva God) Aghor is neither happy on getting something nor is he sad by missing something. Aghor remains the same in all circumstances. The one who is aghor has no meaning in worldliness. In the form of Aghor, even Lord Shiva forgets all the relations, then only Aghor remains. AghorContinue reading “Aghor ( One Side Of Shiva God)”
Maulana Shafi Dawoodi
Maulana Shafi Dawoodi Maulana Shafi Dawoodi was born on 27 October 1875 in Dawood Nagar (Muzzafarpur, Bihar). Your father’s name was Mohammad Hassan Dawoodi. After passing his matriculation from his local school, he took admission in Calcutta University for higher education in 1895, from where B.A. After that he got a degree inContinue reading “Maulana Shafi Dawoodi”
The Jang Bahadur Rana, the Prime Minister of Nepal.
The Jang Bahadur Rana, the Prime Minister of Nepal. After the capture of Chakkar Kothi, on March 11, the Company’s army started moving towards Begum Kothi. Outram was fighting the rebels with their men on the bridge, and Brigadiers Grant, Lugard and Roberts on horseback were crossing the gorge. At the same time,Continue reading “The Jang Bahadur Rana, the Prime Minister of Nepal.”
दक्षिण भारत का इतिहास- “आप खादी क्यों नहीं पहनते?”
दक्षिण भारत का इतिहास- “आप खादी क्यों नहीं पहनते?” यूँ तो हमने पढ़ा कि मद्रास में ही कांग्रेस के बीज डले, लेकिन आम मद्रासी कांग्रेस में नदारद थे। गांधी ने भारत आने के बाद तमिल प्रदेश को जोड़ने के प्रयास शुरू किए। जो मिलता, उसे जोड़ते चलते। चिदंबरम पिल्लई अपने संस्मरण में लिखते हैं किContinue reading “दक्षिण भारत का इतिहास- “आप खादी क्यों नहीं पहनते?””
The king of Devas
The king of Devas Indrajit was the son of Ravan, the brahmin king of Sri Lanka. His mother Mandodari, was the seniormost queen. Legend has it that he was a very successful warrior who invaded Swarga, defeated Indra, the king of devas. In this painting of 1905 by Raja Ravi Varma Indrajit is showing offContinue reading “The king of Devas”
बेतिया के डिप्टी कलक्टर से डेविस द्वारा मुज़फ़्फ़रपुर के कमिश्नर को लिखी चिट्ठी (8.2.1858)
बेतिया के डिप्टी कलक्टर से डेविस द्वारा मुज़फ़्फ़रपुर के कमिश्नर को लिखी चिट्ठी (8.2.1858) “बाग़ी सिपाहियों ने गंडक पार नहीं किया है, लेकिन खबर मिली है कि वे त्रिवेणी घाट से तराई होते हुए नेपाल की ओर निकले हैं। वहाँ हर कचहरी पर उनको स्थानीय लोगों द्वारा मदद मिल रही है।” जिस समय लखनऊ औरContinue reading “बेतिया के डिप्टी कलक्टर से डेविस द्वारा मुज़फ़्फ़रपुर के कमिश्नर को लिखी चिट्ठी (8.2.1858)”
Devotee Raskhan
Devotee Raskhan” There was a Muslim who used to go to the paan shop to eat paan every day. One day, when his eyes fell on the picture of Kanhaiya lying there, he asked the paan person, whose brother is this boy and what is his name. Paan said this is Shyam. KhanContinue reading “Devotee Raskhan”
The Love of Rama and Sita is Extraordinary
The Love of Rama and Sita is Extraordinary. The Love of Rama and Sita is extraordinary. It’s not marriage, it’s love. If you have not read Valmiki’s Ramayana — the story of Rama — you must read it. Tulsi and many others have written versions of the RamayanaContinue reading “The Love of Rama and Sita is Extraordinary”
दक्षिण भारत का इतिहास- गांधी का धैर्य
दक्षिण भारत का इतिहास- गांधी का धैर्य https://fantasticfactfactory.blogspot.com/2022/01/blog-post_09.html गांधी में धैर्य इतना अधिक था, कि बाकियों का धैर्य टूटना भी स्वाभाविक था। जैसे जिन्ना का क़िस्सा है कि सवारी भेज कर वह गांधी की अपने बंगले पर प्रतीक्षा कर रहे थे। गांधी सवारी त्याग कर पैदल आ रहे थे तो उनका धैर्य टूटने लगा। Continue reading “दक्षिण भारत का इतिहास- गांधी का धैर्य”
THE LEGEND MOTHER- PARVATI
THE LEGEND MOTHER- PARVATI The unexplainable relationship that exists between a mother and a child goes back far in time. Even the gods took refuge under the wings of their mothers’ love when their powers refused to work wonders for them. There are enough stories and legends associated with Lord Ganesh,Continue reading “THE LEGEND MOTHER- PARVATI”
बप्पा रावल
बप्पा रावल बप्पा रावल: गुहिल राजवंश के वास्तविक संस्थापक बप्पा रावल का जन्म : अकबर के दरबारी इतिहासकार अबुलफ़ज़ल व भट्ट कवियों की रचनाओं के अनुसार ईडर के राजा नागादित्य की हत्या भीलों ने कर दी थी (715 ईस्वी) तब उनका एक तीन वर्ष का बालक था, अर्थात बप्पा रावल का जन्म 712Continue reading “बप्पा रावल”
दक्षिण भारत का इतिहास – गांधी और पेरियार में क्या अंतर था?
दक्षिण भारत का इतिहास – गांधी और पेरियार में क्या अंतर था? गांधी और पेरियार में क्या अंतर था? आखिर दोनों अछूतों को मुक्ति दिलाना चाहते थे। अरुंधति राय और कई अन्य लेखक ऐसे ही प्रश्न गांधी-अंबेडकर युग्म पर भी रखते हैं। अगर देखा जाए तो किसी भी वैज्ञानिक सोच या ‘दोContinue reading “दक्षिण भारत का इतिहास – गांधी और पेरियार में क्या अंतर था?”
Roman Mosaic
Roman Mosaic A portion of a Roman mosaic depicting Odysseus/Ulysses, who is tied to his ship while the rest of the crew members have beeswax in their ears in order to sail past Sirens unscathed. This masterpiece – from a scene in Homer’s epic poem The Odyssey – was found in Dougga and is onContinue reading “Roman Mosaic”
Mohandas Karamchand Gandhi.
A Nation that Cannot Honor Its Ancestors is Ultimately Ruined •••• The month of January is going on, one day if the sun does not come out, then we hide in a quilt or burn a fire, the body is equipped with warm clothes like sweater jackets and just look at this picture ConstitutionalContinue reading “Mohandas Karamchand Gandhi.”
आज की अमृत कथा
आज की अमृत कथा आज बन्दर और बन्दरिया के विवाह की वर्षगांठ थी। बन्दरिया बड़ी खुश थी। एक नज़र उसने अपने परिवार पर डाली। तीन प्यारे – प्यारे बच्चे , नाज उठाने वाला साथी , हर सुख-दु:ख में साथ देने वाली बन्दरों की टोली। पर फिर भी मन उदास है। सोचने लगी – “काश !Continue reading “आज की अमृत कथा”
Guthrum the Dane ambushes Alfred of Wessex, who flees for his life into the Somerset Levels …
Guthrum the Dane ambushes Alfred of Wessex, who flees for his life into the Somerset Levels … “In this year (878) in midwinter after twelfth night the enemy army came stealthily to Chippenham,and occupied the land of the West Saxons and settled there, and drove a great part of the people across the sea,Continue reading “Guthrum the Dane ambushes Alfred of Wessex, who flees for his life into the Somerset Levels …”
शेरबोर्ग प्रोजेक्ट : 25 दिसंबर 1969
शेरबोर्ग प्रोजेक्ट : 25 दिसंबर 1969 दुनिया की सबसे प्रसिद्ध और खुफिया एजेंसी मोसाद ( इजरायल ) का ये एक ऐसा अनूठा कारनामा था जिसने दांतो तले उंगली दबा दी जब मैंने इसे पहली बार पढ़ा था !! इसके बारे में जानने से पहले आपको इसके इतिहास और इस खुफिया ऑपरेशन की तैयारीContinue reading “शेरबोर्ग प्रोजेक्ट : 25 दिसंबर 1969”
तैमूर लंग की आत्मकथा – तुज़ुक ए तैमूरी.
तैमूर लंग की आत्मकथा – तुज़ुक ए तैमूरी तैमूर लंग की आत्मकथा (तुज़ूक ए तैमूरी) की कई तरह से अहमियत है। इसका पहला फ़ारसी अनुवाद अबु तालिब अलहुसैनी तबरिसी ने किया था जिसके आधार पर इसका अंग्रेज़ी और कई यूरोपीय भाषाओं में अनुवाद किया गया है। उर्दू में इसका अनुवाद इंशा अल्लाह ख़ान इंशाContinue reading “तैमूर लंग की आत्मकथा – तुज़ुक ए तैमूरी.”
BATTLE OF SAMMEL (SUMEL GIRI): WHEN 8000 RAJPUTS CREATED HAVOC ON 80,000 AFGHANS OF SHER SHAH SURI: FORGOTTEN MARTYRDOM OF JAITARATHORE AND KUMPA RATHORE
BATTLE OF SAMMEL (SUMEL GIRI) BATTLE OF SAMMEL (SUMEL GIRI): WHEN 8000 RAJPUTS CREATED HAVOC ON 80,000 AFGHANS OF SHER SHAH SURI: FORGOTTEN MARTYRDOM OF JAITA RATHORE AND KUMPA RATHORE “I would have almost lost the Kingdom of Hindustan only for a handful millet.” These words were told by Sher Shah suri after BattleContinue reading “BATTLE OF SAMMEL (SUMEL GIRI): WHEN 8000 RAJPUTS CREATED HAVOC ON 80,000 AFGHANS OF SHER SHAH SURI: FORGOTTEN MARTYRDOM OF JAITARATHORE AND KUMPA RATHORE”
एप्पल कंपनी का चखे हुए सेव के सिम्बल का सच
एप्पल कंपनी का चखे हुए सेव के सिम्बल का सच एलेन मैथिसन ट्यूरिंग । उनका जन्म 23 जून 1912 को ग्रेट ब्रिटेन में हुआ था । वे बचपन से हीं धावक बनने का सपना संजोए थे । वे ओलम्पिक स्तर के धावक हो सकते थे , क्योंकि उनका समय अंतराष्ट्रीय स्तर से मात्रContinue reading “एप्पल कंपनी का चखे हुए सेव के सिम्बल का सच”
हिंदी नवरत्न
हिंदी नवरत्न :- हिंदी-नवरत्न, अर्थात्, हिंदी के नव सर्वोत्कृष्ट कवि / लेखक, गणेशविहारी मिश्र, श्यामविहारी मिश्र, शुकदेवविहारी मिश्र (LINK)
‘ग़दर का गद्दार’
‘ग़दर का गद्दार’ एक तरफ़ हैवलॉक कानपुर से लखनऊ की ओर बढ़ रहे थे, और दूसरी तरफ़ निकोलसन पंजाब से दिल्ली की ओर बढ़ रहे थे। हैवलॉक अगर अच्छे रणनीतिकार थे, तो निकोलसन एक क्रूर दमनकारी जिन्होंने कुछ ही दिनों पहले पेशावर में भारतीयों को तोप से बाँध कर उड़ाया था। वह किसी संधिContinue reading “‘ग़दर का गद्दार’”
होटल रहमानिया का 1960 का एक नायाब इश्तेहार
होटल रहमानिया का 1960 का एक नायाब इश्तेहार पटना शहर में इल्म ओ अदब का मरकज़ हुआ करता था, शोरा, अदीबों और अफ़साना निगारों की महफ़िल अलग अलग क़ुतुब ख़ानो में लगा करती थीं। पर 47 के बँटवारे के बाद जैसे ही शहर का ज़वाल हुआ, हर जगह पस्ती आने लगी, लाइब्रेरीContinue reading “होटल रहमानिया का 1960 का एक नायाब इश्तेहार”
शिरोमणि वीर चौधरी गोकुला सिंहजी
शिरोमणि वीर चौधरी गोकुला सिंहजी शिरोमणि वीर चौधरी गोकुला सिंहजी •चौधरी गोकुला सिंहजी वो नाम जिसें औरंगजेब की सत्ता को हिला दिया था। ,वीर गोकुला सिंहजी से निपटने के लिए औरंगजेब को स्वयं दिल्ली से चलकर मथुरा आना पड़ा था चौधरी गोकुला सिंहजी इनका जन्म एक जमींनदारी परिवार में हुआ था, सिंह बचपनContinue reading “शिरोमणि वीर चौधरी गोकुला सिंहजी”
इतिहास के झरोखे से :- कोरेगांव का 'विजय स्तंभ' प्रतीक है महार रेजीमेंट के साहस का
इतिहास के झरोखे से:- कोरेगांव का ‘विजय स्तंभ’ प्रतीक है महार रेजीमेंट के साहस का कोरेगांव की लड़ाई एक जनवरी 1818 में ब्रिटिश इंडिया कंपनी और मराठा साम्राज्य के पेशवा गुट के बीच, कोरेगांव भीमा में लडी गई। चूंकि यह युद्ध तीसरे एंगलो-मराठा युद्ध, जिसमें कुल मिलाकर पेशवा की हार हुई, के दौरान लड़ेContinue reading “इतिहास के झरोखे से :- कोरेगांव का 'विजय स्तंभ' प्रतीक है महार रेजीमेंट के साहस का”
“नाक काटने वाली रानी”
“नाक काटने वाली रानी” पवित्र भारत भूमि में अनेक ऐसी वीरंगनाओं ने जन्म लिया और भारत भूमि को पवित्र बनाये रखने के लिये अद्भुत वीरता दिखाई जिसे जानकर लोग दांतो तले उंगली दबा लेने पर विवश हो जाते हैं. लेकिन उनके विषय में न कभी इतिहास में लिखा गया न ही बताया गया. गढ़वाल कीContinue reading ““नाक काटने वाली रानी””
अशोक सम्राट
अशोक सम्राट 🩸अशोक सम्राट की जन्म जयंती हमारे देश में नहीं मनाई जाती है !! मैं बहुत सोचता हूं पर उत्तर नहीं मिलता मिलेगा कहा से जब पहले वामपंथी पार्टियों ने हिंदू नीचा दिखाने की कसम जो खाई है !! 🩸जिस सम्राट के नाम के साथ संसार भर के इतिहासकार “महान” शब्द लगाते है !!Continue reading “अशोक सम्राट”
1857 में हजरत महल और लक्ष्मीबाई
1857 में हजरत महल और लक्ष्मीबाई “मेरी मल्लिका-ए-आलम रफ़ीक-ए-सुलतान-ए-आलम मैं लखनऊ के वाक़याते हालत-ए-ज़ार जान-ए-आलम के लिए लिख रही हूँ। यहाँ के हाल दीगरदूँ हैं। देखा नहीं जाता। बुरा शगुन है। एक दिन मशहूर हुआ कि फौज बेलीगारद पर धावा करेगी…. आपस में कहने लगी कि जिस वक्त यहाँ सब का क़त्ल किया, तो जितनेContinue reading “1857 में हजरत महल और लक्ष्मीबाई”
Nehru And The Afridis
Nehru and The Afridis Nehru and the Afridis. Photo from 1946, when Nehru was the Premier of India in the Interim Government. The photograph was taken from Nehru’s disastrous trip into the land of the Pakhtuns in 1946. The military aircraft that Nehru took on this trip came under canon fire from the Pathan militias.Continue reading “Nehru And The Afridis”
महाराणा प्रताप सिंह
महाराणा प्रताप सिंह शत्रु पक्ष (अकबर के दरबारी लेखक) हाजी मोहम्मद आरिफ कन्धारी ने महाराणा प्रताप के लिए तारीख-ए-अकबरी में लिखा है कि “आज तक कोई बादशाह अपने लगाम की डोरी से राणा के कान नहीं छेद सका। इस्लामी हुकूमत का उसके मुल्क में कभी कब्जा नहीं हो सका। राणा को इस बात का बड़ाContinue reading “महाराणा प्रताप सिंह”
“आप यह न भूलें कि आप दिल्ली के बादशाह हैं।
“आप यह न भूलें कि आप दिल्ली के बादशाह हैं। चित्रः दिल्ली का सबसे पुराना ईसाई क़ब्रिस्तान ‘निकोलसन सीमेट्री’ जो 1857 में बना। निकोलसन की कब्र। बादशाह के पास ताक़त तो पहले भी नहीं थी, मगर 1857 में उनका एक मनोवैज्ञानिक मूल्य था। उनकी तख्त पर बैठ कर उन्हीं को गिरफ़्तार कर लाना एक ऐसीContinue reading ““आप यह न भूलें कि आप दिल्ली के बादशाह हैं।”
Indian muslim Hamida Bi
Hamida Bi हमीदा बी ने पैंतीस साल तक दुनिया के सबसे बड़े आन्दोलनों में से एक, यानी भोपाल गैस ट्रेजडी के विक्टिम्स के लिए इन्साफ की जंग में एक अहम रोल अदा किया. सैकड़ों बार सड़क पर उतरीं, सालों रोज़ लोगों की परेशानियां सुनीं, विश्व की सबसे बड़ी इस औद्योगिक त्रासदी के बाद सर्वाइवर्स केContinue reading “Indian muslim Hamida Bi”
दक्षिण भारत का इतिहास
दक्षिण भारत का इतिहास कांग्रेस बन तो गयी, अधिवेशन भी होने लगे, लेकिन करना क्या है, यह स्पष्ट नहीं था। भारतीयों के लिए चुनाव-व्यवस्था तो थी नहीं। दूसरी बात यह थी कि यह ब्रिटिश राज के साथ मिल कर काम करना चाहते थे। पारसी और ब्राह्मण नेता, दोनों का कंफर्ट ज़ोन यही था, क्योंकिContinue reading “दक्षिण भारत का इतिहास”
*शबरी की कथा*
*शबरी की कथा* शबरी एक बदसूरत लड़की थी, पर दिल से वह बहुत अच्छी थी | जब वह 14/15 साल की हुई तभी, उसके माता पिता को उसके विवाह की चिंता होने लगी| शबरी की नाक के छेद बहुत बड़े बड़े थे | होंठ भी बहुत मोटे मोटे थे| रंग भी सावला/काला था| उसकी शकलContinue reading “*शबरी की कथा*”
महाराणा प्रताप सिंह 1
महाराणा प्रताप की आजादी का संघर्ष मामूली नहीं था। यह एक ऐसे राणा का संघर्ष था जिसमें आदिवासी और वनवासी भीलों के साथ रहते, उन्हीं की तरह जीवन जीते। मुगलों से हर मोर्चे पर युद्ध ही नहीं लड़े गए, बल्कि उन्हें बार-बार परास्त भी किया गया। 25 वर्षों तक वे अकबर की विशाल सेना सेContinue reading “महाराणा प्रताप सिंह 1”
महाराणा प्रताप सिंह 2
जब महाराणा प्रताप युद्ध के बाद जंगल-जंगल भटक रह थे तब अकबर ने एक जासूस को महाराणा प्रताप की खोज खबर लेने को भजा. गुप्तचर ने आकर बताया कि महाराणा अपने परिवार और सेवकों के साथ बैठ कर जो खाना खा रहे थे उसमें जंगली फल, पत्तियाँ और जड़ें थीं. जासूस ने बताया न कोईContinue reading “महाराणा प्रताप सिंह 2”
*!! तीन गुरु !!*
●▬▬▬▬ஜ۩۞۩ஜ ▬▬▬▬● *!! तीन गुरु !!* ●▬▬▬▬ஜ۩۞۩ஜ ▬▬▬▬● बहुत समय पहले की बात है, किसी नगर में एक बेहद प्रभावशाली महंत रहते थे। उन के पास शिक्षा लेने हेतु दूर दूर से शिष्य आते थे। एक दिन एक शिष्य ने महंत से सवाल किया, ” स्वामीजी आपके गुरुContinue reading “*!! तीन गुरु !!*”
जीव को इस शरीर में रहते हुए तीन अवस्थाओं से गुजरना पड़ता है।
जीव को इस शरीर में रहते हुए तीन अवस्थाओं से गुजरना पड़ता है। 1. प्रथम जागृत अवस्था जिसमें वह सावधान रहकर सभी लौकिक कृत्य करता है 2. दूसरी स्वप्न अवस्था जिसमें शरीर व इंद्रियों के निष्क्रिय रहने पर भी वह संकल्प मात्र से नाना प्रकार के सुख दुख अनुभव करता है उसे जो भी अनुभवContinue reading “जीव को इस शरीर में रहते हुए तीन अवस्थाओं से गुजरना पड़ता है।”
भीमा नायक की कहानी
बड़वानी के भीमा नायक के बलिदान की कहानी वर्तमान मध्यप्रदेश के पश्चिमी हिस्से में निमाड़ इलाका है। पहले यहां दो प्रमुख रियासतें थीं – झाबुआ और बड़वानी। बड़वानी रियासत में पंचपावली जंगल में 62 झोपडि़यों की पंचमोहली बस्ती में स्वतंत्रता के मतवाले वनवासी भीमा नायक का घर था। बड़वानी रियासत के मुंडन इलाका में ढाबाContinue reading “भीमा नायक की कहानी”
Rajmata Shri Gayatri Devi of Jaipur
Rajmata Shri Gayatri Devi of Jaipur Seen here under a Royal Canopy is H.H. Rajmata Shri Gayatri Devi of Jaipur while inspecting shoes and slippers from India displayed in London.
ये मेट्रिक्स फ़िल्म के सुपरस्टार हैं- "कियानू रीव्ज़"
ये मेट्रिक्स फ़िल्म के सुपरस्टार हैं- “कियानू रीव्ज़” 3 साल के थे तभी उनके सगे बाप ने उन्हें छोड़ दिया। ये तीन अलग-अलग सौतेले पिता के साथ रहते हुए बड़े हुए। बचपन में वे डिसलेक्सिया से पीड़ित थे। एक गंभीर दुर्घटना में चोटिल होने के बाद उनका हॉकी का खिलाड़ी बनने काContinue reading “ये मेट्रिक्स फ़िल्म के सुपरस्टार हैं- "कियानू रीव्ज़"”
राजपुताना अमर सिंह
एक बार शाहजहाँ ने हाथी चराई पर कर ( जिसे उस समय फीलचराई कर कहा जाता था ) वसूलने की घोषणा की। यह कर वह अपने दरबारियों से वसूलना चाहता था। यह घोषणा दरबार में बैठा एक रौंबदार मूंछों वाला नौजवान पुरुष बड़े ध्यान से सुन रहा था। वह वीर पुरुष जोधपुरContinue reading “राजपुताना अमर सिंह”
भारतवर्ष के परमवीर योद्धा श्री कुंपा जी
भारतवर्ष के परमवीर योद्धा श्री कुंपा जी, जिनके शौर्य ने मुगल शहंशाह तक को हिला दिया था,जिनके पराक्रम के कारण ही 80000 हजार मुगलो के सामने 6000 क्षत्रिय की सेना भी भारी पड़ गई. जोधपुर राज्य के इतिहास में जहाँ वीर शिरोमणि दुर्गादास स्वामिभक्ति के लिये प्रसिद्ध है तो राव कुंपा और उसकेContinue reading “भारतवर्ष के परमवीर योद्धा श्री कुंपा जी”
आधुनिक कबीर
ई.वी. रामासामी पेरियार जी 21वीं सदी के कबीर महान समाजसुधारक अंधविश्वास की लंका लगाने वाले बहुजनो के मशीहा ई.वी. रामासामी पेरियार जी
क्या आपने लीलावती का नाम सुना है?
क्या आपने लीलावती का नाम सुना है? गणितज्ञ लीलावती का नाम हममें से अधिकांश लोगों ने नहीं सुना है। उनके बारे में कहा जाता है कि वो पेड़ के पत्ते तक गिन लेती थी। शायद ही कोई जानता हो कि आज यूरोप सहित विश्व के सैंकड़ो देश जिस गणित की पुस्तक सेContinue reading “क्या आपने लीलावती का नाम सुना है?”
आदिकाल
आदिकाल 1. आदिकाल का नामकरण- विभिन्न इतिहासकारों द्वारा आदिकाल का नामकरण निम्नानुसार किया गया- इतिहासकार का नाम – नामकरण 1. हजारी प्रसाद द्विवेदी -आदिकाल 2. रामचंद्र शुक्ल -वीरगाथा काल 3. महावीर प्रसाद दिवेदी -बीजवपन काल 4. रामकुमार वर्मा- संधि काल और चारणContinue reading “आदिकाल”
हिन्दी उपन्यास का विकास
हिन्दी उपन्यास का विकास ’उपन्यास’ शब्द दो शब्दों से मिलकर बना है- उपन्यास। ’उप’ का अर्थ है-समीप और ’न्यास’ का अर्थ है – रखना। अर्थात् उपन्यास का शाब्दिक अर्थ है – समीप रखना या मनुष्य के समीप रखी हुई वस्तु। अतः वह कृति जिसे पढ़कर लगे कि वह हमारे ही जीवनContinue reading “हिन्दी उपन्यास का विकास”
सफलता का द्वार
सफलता के आयाम मनोबुद्धिरहंकारश्चित्तम् करणमन्तरम्। संशयो निश्चयो गर्व: स्मरणं विषया इमे।। सफलता के चार आयाम 1. मन 2. बुद्धि 3.अहंकार 4. चित्त ◆ मन से वितर्क और संशय उत्पन्न होता है। ◆ बुद्धि निश्चय करती है। ◆ अहंकार से गर्व की अभिव्यक्ति होती है। ◆ चित्त में स्मरण होता है। किसी भी सफलता मेंContinue reading “सफलता का द्वार”
साहित्य अकादमी पुरस्कार
साहित्य अकादमी पुरस्कार वर्ष पुस्तक लेखक 2019- छीलते हुए अपने को (कविता) नन्दकिशोर आचार्य 2018 पोस्ट बॉक्स नं. 203-नाला सोपारा (उपन्यास)चित्रा मुद्गल 2017 विश्वमिथकसरित्सागर (साहित्यिक समीक्षा) रमेश कुंतल मेघ 2016 पारिजात (उपन्यास) नासिरा शर्माContinue reading “साहित्य अकादमी पुरस्कार”
भारतीय काव्यशास्त्रीय परिभाषा
।।भारतीय काव्यशास्त्रीय परिभाषायें।। 1.आचार्य भरतमुनि:- “मृदुललितपदाढ्यं गूढ़शब्दार्थहीनं जनपदसुखबोध्यं युक्तिमन्नृत्यभोज्यम्। बहुरसकृतमार्गं संधिसंधानयुक्तं स भवति शुभकाव्यं नाटक प्रेक्षकाणाम्।। अर्थ: शुभ काव्य वह होता है जिसकी रचना कोमल और ललित शब्दों में की गई हो, जिसमें शब्द और अर्थContinue reading “भारतीय काव्यशास्त्रीय परिभाषा”
ब्रह्मराक्षस (गजानन माधव मुक्तिबोध)
ब्रह्मराक्षस शहर के उस ओर खंडहर की तरफ परित्यक्त सूनी बावड़ी के भीतरी ठंडे अँधेरे में बसी गहराइयाँ जल की… सीढ़िया डूबी अनेकों उस पुराने घिरे पानी में… समझ में आ न सकता हो कि जैसे बात का आधार लेकिन बात गहरी हो। बावड़ी को घेर डालें खूब उलझी हैं, खड़े हैं मौन औदुंबर। वContinue reading “ब्रह्मराक्षस (गजानन माधव मुक्तिबोध)”
जीवन के लिए मंत्र
जीवन के मंत्र जीवन सीमित है और जब यह समाप्त होता है, तो इस लोक का कुछ भी साथ नहीं जाएगा! इसके बाद ऐसी स्थिति में, पेट खाली करके पैसे क्यों बचाएं? आवश्यकता अनुसार खर्च क्यों नहीं? जिन चीजों का आनंद लिया जाता है उन्हें किया जाना चाहिए। हमारे जाने के बाद, इस बातContinue reading “जीवन के लिए मंत्र”
असफलता में छिपी सफलता
असफलता में छिपी सफलता “मैं अपने जीवन में बार-बार असफल हुआ और इसीलिए मैं सफल हुआ।” आपको अपने सभी विषयों को समान रूप से लेना होगा। ऐसे समय में, आपको कमजोर विषय पर विशेष ध्यान देना होगा ताकि कोई चूक न हो। विषयों का अध्ययन करने के साथ-साथ, परीक्षा में प्रत्येकContinue reading “असफलता में छिपी सफलता”
सुदामा ने दुनिया को ख़राब होने से बचाया
“कैसे सुदामा ने दुनिया को ख़राब होने से बचाया” एक ब्राह्मण था जो बहुत गरीब था। वह मदद मांगकर गुजारा करती थी। एक समय आया कि उसे पाँच दिनों तक कोई हिचक नहीं हुई, वह हर दिन पानी पीती थी और भगवान के नाम के साथ सोती थी। छठे दिन, उन्होंने अपनी इच्छा से दोContinue reading “सुदामा ने दुनिया को ख़राब होने से बचाया”
शिक्षण के सामान्य सिद्धांत
Hi, i am waiting for you Something special शिक्षण के सामान्य सिद्धांत सबसे पहले शिक्षण के कुछ सामान्य सिद्धांत हैं, जो शिक्षक को किसी भी प्रकार का पाठ पढ़ाते समय ध्यान रखने चाहिए।1. रूचि जागृत करने का सिद्धांत – छात्र के लिए शिक्षण तब तक सफल नहीं हो पायेगा, जब तक वह उसमे रूचि नहींContinue reading “शिक्षण के सामान्य सिद्धांत”
Portrait of a LADY
Hi, i am waiting for you Something special Portrait of a LADY Objects are lessons; from bowls, hairpins, brooches, you learn of forgotten lives. The stories say my grandmother was a fever tree: two birds sat on her branches, one pecking at a grape, the other singing an aria. What history’s bookkeepers do not showContinue reading “Portrait of a LADY”
Today Morning
Hi, i am waiting for you Something special Today’s morning! Today’s morning! New morning….. Your style-of-time was not me Brother – Brother is also effective In the Real world Ram – Rahim remained mother’s two sons Today in the morning. Ram was neither of Rahim nor of Rahim Two sons, two brothers, two friends ThisContinue reading “Today Morning”
सुबह का सपना
सुबह का सपना सुबह-सुबह जगा तो, एहसास हुआ कि, पागलपन छाया है। रात देखा मजंर ऐसा, मजंर था अनोखा। रात मिले मित्र पुराने थे । पुराने मित्रों में, एक थी वो। जिस पर थी नजर मेरी, नजर थी अलौकिक।Continue reading “सुबह का सपना”
पूर्ण विश्वास
अपने आप में पूर्ण विश्वास रखें मेंढकों का एक दल जंगल के रास्ते से गुजर रहा था। अचानक दो मेंढक गहरे गड्ढे में गिर गए। जब दूसरे मेंढकों ने देखा कि छेद बहुत गहरा है, तो ऊपर खड़े सभी मेंढक चिल्लाए, ‘तुम दोनों इस गड्ढे से बाहर नहीं निकल सकते, गड्ढा बहुत गहरा है, तुमContinue reading “पूर्ण विश्वास”
मुझे लगता है…………
मुझे लगता है। मुझे लगता है। मेरी छाप कहीं खो रही है, मैं उसको ढुंढता हूँ, मैं उसको खोजता हूँ, बस अपने निशां ही पाता हूँ। कुछ लोगों ने मुझे छोड़, मेरी पहचान गुम की। तो कुछ को मैंने छोड़, अपनी पहचान खो दी। वर्तमान भी अच्छा नहीं है, कश्मकश में कहीं हूँ फसा। सूझContinue reading “मुझे लगता है…………”
मैं देखता हूँ………..
मैं देखता हूँ मैं देखता हूँ , मैं समझता हूँ , मैं महसूस करता हूँ, मुझे बोध है, बदलाव चाहता हूँ मगर मैं बढ़ नहीं पाता हूँ। कारण है कुछ, जिसका मुझे बोध नहीं हो रहा। मैं खोजना चाहता हूँ कारण को मैं पाना चाहता हूँ लक्ष्य को मैं डूबना चाहता हूँ अपने आप मेंContinue reading “मैं देखता हूँ………..”